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सौजन्य से:- Dainik Bhaskar
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CJP अब आदिवासी इलाकों के स्कूलों में जाएगी:रांका बोले-उदयपुर संभाग से होगी शुरुआत,मारपीट के बाद ही स्कूल ठीक करेंगे तो हम पिटने को तैयार
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राजस्थान सरकार ने प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर अगले एक महीने तक स्कूल-कॉलेजों में ‘आशीर्वाद का दिया’ जलाने की बात कही है। हम भी आदिवासी इलाकों के स्कूलों में आशीर्वाद का दिया जलाएंगे और उम्मीद करेंगे कि सरकार इन स्कूलों की सुध लें। शुक्रवार से उदयपुर स
यह बात कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) नेशनल कन्वीनर आशुतोष रांका ने जयपुर में पीयूसीएल ऑफिस में गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कही। इससे पहले सीजेपी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर आशीर्वाद का दीया जलाया।
रांका ने कहा- आदिवासी स्कूल ठीक करो कैंपेन’ के तहत राजस्थान के उदयपुर, डूंगरपुर, बांसवाड़ा, झालावाड़, सिरोही, बारां-अंता समेत आदिवासी आबादी वाले इलाकों में स्कूलों का दौरा कर वहां की स्थिति का डॉक्यूमेंनटेशन किया जाएगा। इसके बाद गुजरात, मध्य प्रदेश, झारखंड, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र और नॉर्थ ईस्ट के राज्यों में भी अभियान ले जाने की योजना है।
रांका ने बताया कि ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान के तहत अब तक देशभर में 15 हजार से ज्यादा और राजस्थान में 500 से ज्यादा स्कूलों का ऑडिट किया जा चुका है, जो एक बड़ी उपलब्धि है। झालावाड़ में जुलाई 2025 में स्कूल की इमारत गिरने की घटना का जिक्र करते हुए कहा- स्कूलों में हादसे होने से पहले सुरक्षित इमारत और जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराना जरूरी है।
सवाल: आदिवासी स्कूल ठीक करो कैंपेन’ क्यों शुरू किया जा रहा है?
आशुतोष - हमने 1 महीने पहले स्कूल ठीक करो कैंपेन की शुरुआत की थी। जिसमें 15 हजार से ज्यादा स्कूल देशभर में ऑडिट किए गए। राजस्थान में 500 से ज्यादा स्कूलों की ऑडिटिंग हुई। ऐसे में अब हम चाहते हैं कि जो इस देश के मूल निवासी हैं, जिनका देश के संसाधनों, जल, जंगल और जमीन पर पहला अधिकार है, उनके इलाकों में किस तरीके के हालात हैं, किस तरीके के स्कूल हैं, किस तरीके के अस्पताल हैं, किस तरीके की सड़कें हैं और रोजगार की क्या स्थिति है, यह देश के सामने आए।
इसके लिए हमने स्कूल ठीक करो कैंपेन के सेकंड फेज में आदिवासी स्कूल ठीक करो कैंपेन की शुरुआत कर रहे हैं। कल से हम उदयपुर, डूंगरपुर, बांसवाड़ा जैसे तमाम जिलों में जाएंगे। इसके साथ राजस्थान के अलावा गुजरात, मध्य प्रदेश, झारखंड, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र और नॉर्थ ईस्ट के राज्यों में जाएंगे और वहां के स्कूल-कॉलेज का दौरा करेंगे।
सवाल- सीजेपी की ओर से प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर दिया जलाने का क्या मैसेज है?
आशुतोष- राजस्थान सरकार ने बोला है कि अगले 1 महीने तक प्रदेशभर के स्कूलों और कॉलेजों में ‘आशीर्वाद का दिया’ जलाया जाए, तो हम आने वाले समय में उन सभी स्कूल-कॉलेज का दौरा करेंगे और उन सभी स्कूल-कॉलेज में ‘आशीर्वाद का दिया जलाएंगे।’ क्या मालूम इसी बहाने राजस्थान सरकार उन स्कूल-कॉलेज की सुध ले लें।
सवाल- क्या आपको कैंपेन में स्थानीय लोगों का सहयोग मिलेगा?
आशुतोष - हमें कैंपेन में स्थानीय लोगों को सहयोग मिलेगा। झालावाड़ में स्कूल की इमारत गिरने के बाद आज तक नहीं बनी। वहां के जो बच्चे हैं, वह अभी तक जर्जर इमारत में और खुले में पढ़ने को मजबूर हैं। वहां पर कहां सुधार हुआ। जब तक सुधार नहीं होगा, तब तक लोग चुप थोड़ी ना बैठेंगे। अब अच्छी बात यह है कि CJP का प्लेटफॉर्म आ चुका है, जो लोगों के असल मुद्दों की बात करेगा। हम बिल्कुल गांव वालों के साथ मिलकर स्कूल और कॉलेज को ठीक करेंगे।
सवाल- क्या CJP राजनीति में भी उतरने का मन बना रही है?
आशुतोष - अभी तो ऐसा कोई विचार नहीं है। हमरा फोकस स्कूल और कॉलेज ठीक करने पर है।
सवाल- अधिकतर राजनीतिक पार्टियां स्कूल और अस्पताल के मुद्दे उठाने के बाद चुनाव में उतरती हैं?
आशुतोष - राजस्थान में कौन सी पार्टी ने कब स्कूल-कॉलेज के मुद्दे उठाए, मुझे तो याद नहीं है। यहां पेपर लीक के मुद्दे पर कब चर्चा हुई थी, मुझे नहीं याद। देश की संसद में लास्ट कब चर्चा हुई थी, यह भी याद नहीं है। तो यह कहना कि पहले भी चर्चा होती रही है, मुझे नहीं लगता कि यह सही वाक्य है।
सवाल- पहले आम आदमी पार्टी भी ऐसे ही मुद्दों पर बात करती थी?
आशुतोष - आम आदमी पार्टी बिल्कुल आई थी और ऐसी कई पार्टियां हैं, जो समय-समय पर शिक्षा के मुद्दे पर, अस्पतालों के मुद्दे पर बात करती रही हैं। लेकिन मूलभूत सुविधाओं का आज भी अभाव क्यों है? आजादी के 80 साल के बाद भी देश के सबसे बड़े राज्य की राजधानी में बच्चे भैंसों के तबेले में पढ़ने को मजबूर क्यों हैं, इसका जवाब किसी भी राजनीतिक पार्टी के पास नहीं है। इसलिए CJP चुप नहीं रहने वाली, रुकने वाली नहीं है।
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